Dainik UjalaDainik Ujala
    What's Hot

    चमोली में प्रसव के दौरान गर्भवती की मौत, परिजनों ने अस्पताल पर लापरवाही का लगाया आरोप

    June 30, 2026

    देहरादून: फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बन कारोबारी से 25 लाख की रंगदारी मांगने का आरोप, घंटों रखा बंधक

    June 29, 2026

    रिकॉर्डतोड़ बिजली खपत: उत्तराखंड में दो दिन के भीतर 6.5 करोड़ यूनिट तक पहुंची डिमांड

    June 28, 2026
    Facebook Twitter Instagram
    Tuesday, June 30
    Facebook Twitter Instagram
    Dainik Ujala Dainik Ujala
    • अंतर्राष्ट्रीय
    • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • बागेश्वर
      • चमोली
      • चम्पावत
      • देहरादून
      • हरिद्वार
      • नैनीताल
      • रुद्रप्रयाग
      • पौड़ी गढ़वाल
      • पिथौरागढ़
      • टिहरी गढ़वाल
      • उधम सिंह नगर
      • उत्तरकाशी
    • मनोरंजन
    • खेल
    • अन्य खबरें
    • संपर्क करें
    Dainik UjalaDainik Ujala
    Home»उत्तराखंड»मजदूर दिवस: उत्तराखंड में श्रम कानूनों में बड़ा बदलाव: एक समान न्यूनतम वेतन और डिजिटल भुगतान
    उत्तराखंड

    मजदूर दिवस: उत्तराखंड में श्रम कानूनों में बड़ा बदलाव: एक समान न्यूनतम वेतन और डिजिटल भुगतान

    adminBy adminMay 1, 2026No Comments2 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest WhatsApp LinkedIn Tumblr Email Telegram
    मजदूर दिवस: उत्तराखंड में श्रम कानूनों में बड़ा बदलाव: एक समान न्यूनतम वेतन और डिजिटल भुगतान
    Share
    Facebook WhatsApp Twitter Email LinkedIn Pinterest

    उत्तराखंड में श्रमिकों के लिए बड़ी राहत की तैयारी है। राज्य में केंद्र की चारों श्रम संहिताओं को लागू करने की दिशा में तेजी से काम चल रहा है। श्रम विभाग अब इन संहिताओं की नियमावली तैयार कर रहा है, जिससे लाखों मजदूरों को सीधे लाभ मिलेगा।

    नई व्यवस्था लागू होने के बाद अब श्रमिकों को ग्रेच्युटी पाने के लिए पांच साल इंतजार नहीं करना पड़ेगा। खासकर अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) पर काम करने वाले मजदूरों को केवल एक साल की सेवा के बाद ही यह सुविधा मिल सकेगी।

    इसके साथ ही असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों और गिग वर्कर्स—जैसे डिलीवरी बॉय और राइडिंग पार्टनर—को भी पहली बार ई-श्रम पोर्टल के माध्यम से पीएफ और बीमा जैसी सुविधाओं से जोड़ा जाएगा।

    राज्य में सभी श्रमिकों के लिए एक समान न्यूनतम मजदूरी तय की जाएगी और वेतन का भुगतान समय पर तथा डिजिटल माध्यम से करना अनिवार्य होगा। नई संहिताओं के तहत कुल वेतन का कम से कम 50 प्रतिशत हिस्सा मूल वेतन होगा, जिससे पीएफ और ग्रेच्युटी में भी बढ़ोतरी होगी।

    महिला श्रमिकों को भी राहत देते हुए उन्हें अपनी सहमति से रात की शिफ्ट में काम करने की अनुमति दी जाएगी, लेकिन इसके लिए नियोक्ता को उनकी सुरक्षा और घर तक पहुंचाने की जिम्मेदारी निभानी होगी।

    इसके अलावा 40 वर्ष से अधिक उम्र के श्रमिकों के लिए साल में एक बार मुफ्त स्वास्थ्य जांच की सुविधा भी दी जाएगी।

    श्रम विभाग के अनुसार, मजदूरी संहिता की ड्राफ्ट नियमावली पहले ही जारी की जा चुकी है और सुझाव लेने के बाद इसे अंतिम रूप दिया जा रहा है। वहीं औद्योगिक संबंध संहिता का ड्राफ्ट भी जारी कर दिया गया है, जिस पर 30 मई तक सुझाव मांगे गए हैं। बाकी दो संहिताओं—सामाजिक सुरक्षा और व्यावसायिक सुरक्षा—की नियमावली भी जल्द जारी की जाएगी।

    इन सभी नियमों के लागू होने के बाद राज्य में श्रम कानूनों का पालन आसान होगा और श्रमिकों को पहले से ज्यादा सुरक्षा और सुविधाएं मिलेंगी।

    Share. Facebook WhatsApp Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram
    admin
    • Website

    Related Posts

    चमोली में प्रसव के दौरान गर्भवती की मौत, परिजनों ने अस्पताल पर लापरवाही का लगाया आरोप

    June 30, 2026

    देहरादून: फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बन कारोबारी से 25 लाख की रंगदारी मांगने का आरोप, घंटों रखा बंधक

    June 29, 2026

    रिकॉर्डतोड़ बिजली खपत: उत्तराखंड में दो दिन के भीतर 6.5 करोड़ यूनिट तक पहुंची डिमांड

    June 28, 2026

    कर्णप्रयाग मारपीट मामले में चारों निहंग सिखों को जमानत, कोर्ट ने 50-50 हजार के मुचलके पर दी राहत

    June 27, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Dainik Ujala.
    • Home
    • Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Go to mobile version