Dainik UjalaDainik Ujala
    What's Hot

    उत्तराखंड ने रचा नया कीर्तिमान, 98 प्रतिशत से अधिक साक्षरता के साथ राष्ट्रीय पहचान की ओर

    June 18, 2026

    11 साल से अटकी 15 हजार करोड़ की किशाऊ परियोजना… हिमाचल की सहमति, उत्तराखंड को बड़ी राहत

    June 17, 2026

    देहरादून: बैरागीवाला में तनाव के बाद 25 से अधिक मुस्लिम परिवारों ने छोड़े घर, गांव में पसरा सन्नाटा

    June 16, 2026
    Facebook Twitter Instagram
    Thursday, June 18
    Facebook Twitter Instagram
    Dainik Ujala Dainik Ujala
    • अंतर्राष्ट्रीय
    • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • बागेश्वर
      • चमोली
      • चम्पावत
      • देहरादून
      • हरिद्वार
      • नैनीताल
      • रुद्रप्रयाग
      • पौड़ी गढ़वाल
      • पिथौरागढ़
      • टिहरी गढ़वाल
      • उधम सिंह नगर
      • उत्तरकाशी
    • मनोरंजन
    • खेल
    • अन्य खबरें
    • संपर्क करें
    Dainik UjalaDainik Ujala
    Home»उत्तराखंड»क्या सच होने वाली है जोशीमठ के बारे में की गई ये भयानक भविष्यवाणी ?
    उत्तराखंड

    क्या सच होने वाली है जोशीमठ के बारे में की गई ये भयानक भविष्यवाणी ?

    adminBy adminJanuary 9, 2023No Comments2 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest WhatsApp LinkedIn Tumblr Email Telegram
    Share
    Facebook WhatsApp Twitter Email LinkedIn Pinterest

    जोशीमठ में हो रहे भू-धंसाव से लोगों पर खतरा बढ़ता जा रहा है। सरकार ने जोशीमठ शहर में जानमाल की सुरक्षा के लिए बड़ा कदम उठाया है। शहर के लगभग डेढ़ किलोमीटर के भूधंसाव प्रभावित क्षेत्र को आपदाग्रस्त घोषित किया गया है।जोशीमठ में तबाही के बीच लोगों के मन में सवाल है कि आखिर उनके शहर में ये क्यों हो रहा है। क्या बद्रीनाथ और जोशीमठ को लेकर जो भविष्यवाणी है वह सच होने की राह पर है। बता दें कि जोशीमठ में स्थित नृसिंह मंदिर जहां भगवान बद्रीनाथ की शीतकालीन गद्दी है। यहां मंदिर में भगवान नृसिंह की एक प्राचीन मूर्ति है। भगवान नृसिंह की मूर्ति को लेकर कई तरह की मान्यताएं हैं। दरअसल, नृसिंह भगवान का एक बाजू सामान्य है जबकि दूसरा बाजू काफी पतला है और यह साल दर साल और पतला होता जा रहा है। आगे पढ़ें:

    यह भी पढ़ें: उत्तराखंड: सड़क हादसे में जवान की मौत..1 महीना पहले ही हुई थी शादी
    मान्यता है कि जिस दिन नृसिंह भगवान का पतला हो रहा हाथ टूट जाएगा उस दिन बद्रीनाथ का मार्ग बंद हो जाएगा। नर नारायण पर्वत एक हो जाएंगे। भगवान बद्रीनाथ के भक्त भगवान बद्रीनाथ के दर्शन उस मंदिर में नहीं कर पाएंगे जहां पर वर्तमान में भगवान बद्रीनाथ भक्तों को दर्शन दे रहे हैं। क्योंकि नर-नारायण पर्वत के मिल जाने से बद्रीनाथ धाम लुप्त हो जाएगा। इसके बाद से भगवान बद्रीनाथ के दर्शन भक्तों को भविष्य बद्री में मिल सकेगा। जोशीमठ से बद्रीनाथ का मार्ग जब नर नारायण पर्वत के मिल जाने से बंद हो जाएगा तब भगवान बद्रीनाथ भक्तों को भविष्य बद्री में दर्शन देंगे। यहां एक शिला है जिस पर अभी अस्पष्ट आकृति है कहते हैं कि भगवान की यह आकृति धीरे-धीरे उभर रही है। जिस दिन यह आकृति पूरी तरह से उभर कर आ जाएगी उस समय से बद्रीनाथ भगवान भविष्य बद्री में ही भक्तों को दर्शन देंगे।

    Share. Facebook WhatsApp Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram
    admin
    • Website

    Related Posts

    उत्तराखंड ने रचा नया कीर्तिमान, 98 प्रतिशत से अधिक साक्षरता के साथ राष्ट्रीय पहचान की ओर

    June 18, 2026

    11 साल से अटकी 15 हजार करोड़ की किशाऊ परियोजना… हिमाचल की सहमति, उत्तराखंड को बड़ी राहत

    June 17, 2026

    देहरादून: बैरागीवाला में तनाव के बाद 25 से अधिक मुस्लिम परिवारों ने छोड़े घर, गांव में पसरा सन्नाटा

    June 16, 2026

    देहरादून में अधिवक्ता सोहेल हारून हत्याकांड का खुलासा, छोटे भाई ने ही ली बड़े भाई की जान

    June 15, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Dainik Ujala.
    • Home
    • Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Go to mobile version