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    Home»उत्तराखंड»स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित होगा, भोजनमाताओं को मिलेगा प्रशिक्षण
    उत्तराखंड

    स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित होगा, भोजनमाताओं को मिलेगा प्रशिक्षण

    Amit ThapliyalBy Amit ThapliyalMarch 4, 2025No Comments3 Mins Read
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    स्कूलों में स्थानीय मिलेट्स को मिड डे मील में शामिल करें

    स्कूलों के मशरूम गार्डन के विकास में छात्रों को भी शामिल कर भविष्य के Agro Entrepreneur के रूप में तैयार किया जाएगा

    भोजनमाताओं की व्यक्तिगत स्वच्छता हेतु एसओपी का अनिवार्यतः पालन के निर्देश

    सीएस ने मानसिक स्वास्थ्य की जानकारीे पाठ्यक्रमों में शामिल करने के निर्देश दिए

    देहरादून।  मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने राज्य के स्कूलों में ईट राइट मूवमेंट के तहत मंडुआ, झंगौरा, स्थानीय भोजन को मिड डे मील में शामिल करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षा विभाग को सहकारिता विभाग के माध्यम से मिलेट्स प्रोक्यूरमेंट के निर्देश दिए गए हैं। शुरूआत में राज्य में 6 माॅडल ईट राइट स्कूल विकसित किए जाएगें। इसके साथ ही उन्होंने स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित करने हेतु सभी भोजनमाताओं को तीन चरणों में मशरूम उत्पादन में प्रशिक्षित करने के निर्देश दिए हैं। इस सम्बन्ध में जिलाधिकारियों को उद्यान विभाग के माध्यम से मशरूम के बीजों की व्यवस्था हेतु निर्देश दिए गए हैं। मशरूम उत्पादन के लिए बेस मेटिरियल के रूप में पिरूल का उपयोग किया जाएगा ताकि उत्पादन लागत कम हो। प्रशिक्षित भोजनमाताओं द्वारा स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित करने की गतिविधि में छात्रों को भी सम्मिलित किया जा सकता है, ताकि भविष्य में वे कृषि उद्यमी ( Agro Entrepreneur ) के रूप में भी कार्य कर सके। सभी डीएम को खाली भूमि पर मिलेट्स की खेती के विस्तार की कार्ययोजना पर भी कार्य करने निर्देश दिए गए हैं। सीएस ने जिलाधिकारियों को ईट राइट मेले आयोजित करने को कहा है।

    सीएस श्रीमती राधा रतूड़ी ने सचिवालय में राज्य स्तरीय क्रियान्वयन एवं अनुश्रवण समिति की 22वीं बैठक की अध्यक्षता के दौरान प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (पी एम पोषण) की समीक्षा की।

    मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने सभी जिलाधिकारियों को स्कूलों में क्षतिग्रस्त किचन की मरम्मत मनेरगा/विधायक निधि/वित्त आयोग/जिला योजना एवं अन्य सम्यक योजनाओं आदि से प्राथमिकता पर कराने निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी जनपदों से विद्यालयों में ‘‘विशेष भोज’’ के आयोजन एवं किचन गार्डन के आधार पर ग्रेडिंग प्रणाली की सूचना तत्काल प्रेषित करने के निर्देश दिए हैं। वर्ष 2025-26 में ग्रेडिंग प्रणाली को पुनरीक्षित किया जाएगा। सीएस ने पीएम पोषण के तहत भोजनमाताओं की व्यक्तिगत स्वच्छता हेतु एसओपी तैयार करते हुए अनिवार्यतः पालन सुनिश्चित कराये जाने के निर्देश दिए हैं।

    बैठक में पीएम पोषण से जनपद देहरादून का 01 सहायता प्राप्त विद्यालय, हरिद्वार के 06 मदरसों एवं जनपद ऊधमसिंह नगर के 02 मदरसों को योजना से आच्छादित करने पर मुख्य सचिव श्रीमती रतूड़ी ने अनुमोदन प्रदान किया। इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (पीएम पोषण) के तहत प्रदेश में 06 ईट राइट स्कूल विकसित करने हेतु भारत सरकार को प्रस्ताव भेजने पर तथा वित्तीय वर्ष 2025-26 में पीएम पोषण के तहत 120 भोजनमाताओं को मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए धनराशि उपलब्ध कराने हेतु भारत सरकार को प्रस्ताव प्रेषित करने पर अनुमति प्रदान की।

    मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने शिक्षा विभाग को छात्रों के लिए सप्ताह में एक पीरियड स्वास्थ्य सम्बन्धित जानकारी हेतु अनिवार्यतः आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। चिकित्सकों की कमी को देखते हुए मुख्य सचिव ने स्कूलों में बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच हेतु सरकारी चिकित्सकों के साथ ही निजी डाॅक्टर्स, मेडिकल इन्टर्न, पेरा मेडिकल स्टाफ एवं आयुष डाॅक्टर्स की सहायता लेने के निर्देश दिए हैं। स्कूली बच्चों के शारीरिक स्वास्थ्य के साथ ही मानसिक स्वास्थ्य को अति आवश्यक बताते हुए मुख्य सचिव श्रीमती रतूड़ी ने प्रत्येक कक्षा के पाठ्यक्रम में इसकी जानकारी सम्मिलित करने के निर्देश दिए हैं।

    बैठक में सचिव रविनाथ रमन, महानिदेशक शिक्षा बंशीधर तिवारी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी मौजूद रहे।

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