Dainik UjalaDainik Ujala
    What's Hot

    किसानों संग आज दून कूच करेंगे राकेश टिकैत, दिव्यांशु हत्याकांड के दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग

    April 3, 2026

    देहरादून में ऑपरेशन प्रहार का असर, 149 संदिग्ध पकड़े गए, 67 वाहन सीज, सड़कों पर चला सख्त चेकिंग अभियान

    April 2, 2026

    ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को मिली 1105 करोड़ की मंजूरी, केंद्र ने दी हरी झंडी

    April 1, 2026
    Facebook Twitter Instagram
    Friday, April 3
    Facebook Twitter Instagram
    Dainik Ujala Dainik Ujala
    • अंतर्राष्ट्रीय
    • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • बागेश्वर
      • चमोली
      • चम्पावत
      • देहरादून
      • हरिद्वार
      • नैनीताल
      • रुद्रप्रयाग
      • पौड़ी गढ़वाल
      • पिथौरागढ़
      • टिहरी गढ़वाल
      • उधम सिंह नगर
      • उत्तरकाशी
    • मनोरंजन
    • खेल
    • अन्य खबरें
    • संपर्क करें
    Dainik UjalaDainik Ujala
    Home»उत्तराखंड»हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान- मुख्यमंत्री धामी 
    उत्तराखंड

    हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान- मुख्यमंत्री धामी 

    Amit ThapliyalBy Amit ThapliyalNovember 12, 2024No Comments2 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest WhatsApp LinkedIn Tumblr Email Telegram
    Share
    Facebook WhatsApp Twitter Email LinkedIn Pinterest

    मुख्यमंत्री धामी ने प्रदेशवासियों को इगास पर्व की दीं शुभकामनाएं 

    बदरीनाथ धाम के परिक्रमा स्थल में जलाए जाएंगे 101 दीये 

    हरिद्वार। पिछले कुछ वर्षों में काफी लोकप्रिय हो गए लोक पर्व इगास (बूढ़ी दिवाली) को लेकर पूरे उत्तराखंड में उत्साह है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को इगास पर्व की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों से अपनी लोक संस्कृति एवं लोक परंपराओं को आगे बढ़ाने में सहयोगी बनने की अपील की। उन्होंने प्रवासी उत्तराखंडियों का अपने पैतृक गांवों में इगास मनाने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि हमारी लोक संस्कृति एवं परंपरा देवभूमि की पहचान है। किसी भी राज्य की लोक संस्कृति एवं लोक परंपरा उस राज्य की आत्मा होती है, इसमें इगास का पर्व भी शामिल है। हमारे लोक पर्व एवं समृद्ध सांस्कृतिक विरासत सामाजिक जीवन में जीवंतता प्रदान करने का कार्य करते हैं। जिस तरह से संपूर्ण देश में सांस्कृतिक विरासत और गौरव की पुनर्स्थापना हो रही है, उसी तरह उत्तराखंडवासी अपने लोकपर्व इगास को आज बडे़ उत्साह से मना रहे हैं।

    आजादी के अमृत काल में पंच प्रण के संकल्पों में से एक संकल्प यह है कि हम अपनी विरासत और संस्कृति पर गर्व करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे लोग इगास पर्व पर अपनी परंपराओं के साथ अपने पैतृक गांवों से भी जुड़ सकें इसके लिये राज्य में इगास पर्व पर सार्वजनिक अवकाश की परंपरा शुरू की गई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों की सुख-शांति एवं समृद्धि की भी कामना की है।

    बदरीनाथ धाम में देवउठनी एकादशी पर्व को लेकर पूजा-अर्चना की विशेष तैयारियां चल रही हैं। मंगलवार को शाम सात बजे बदरीनाथ धाम के परिक्रमा स्थल में 101 दीये जलाए जाएंगे। साथ ही श्रद्धालुओं की ओर से भी धाम परिसर में अन्य दीये जलाए जाएंगे। बदरीनाथ धाम के पूर्व धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल ने बताया कि दीपावली पर्व के साथ ही एकादशी पर्व पर बदरीनाथ धाम में विशेष पूजा की जाती हैं। धाम के परिक्रमा स्थल में 101 दीये जलाए जाएंगे। सोमवार को 11369 तीर्थयात्रियों ने बदरीनाथ धाम के दर्शन किए। अभी तक 13,71,222 तीर्थयात्री भगवान बदरीनाथ के दर्शन कर चुके हैं। बीकेटीसी के मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ ने बताया कि बदरीनाथ धाम की तीर्थयात्रा अब अंतिम चरण में है। धाम में श्रद्धालुओं की चहल-पहल बनीं हुई है।

     

    Share. Facebook WhatsApp Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram
    Avatar photo
    Amit Thapliyal

    Related Posts

    किसानों संग आज दून कूच करेंगे राकेश टिकैत, दिव्यांशु हत्याकांड के दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग

    April 3, 2026

    देहरादून में ऑपरेशन प्रहार का असर, 149 संदिग्ध पकड़े गए, 67 वाहन सीज, सड़कों पर चला सख्त चेकिंग अभियान

    April 2, 2026

    ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को मिली 1105 करोड़ की मंजूरी, केंद्र ने दी हरी झंडी

    April 1, 2026

    देहरादून: मसूरी रोड पर गैंगवार की गोलीबारी में रिटायर्ड ब्रिगेडियर की दर्दनाक मौत

    March 31, 2026
    Add A Comment

    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Dainik Ujala.
    • Home
    • Contact Us

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Go to mobile version